लाल सागर का क्षेत्रफल लगभग 4.38 लाख वर्ग किलोमीटर है। इसकी लंबाई लगभग 2,250 किलोमीटर और अधिकतम चौड़ाई करीब 355 किलोमीटर है। इसकी औसत गहराई लगभग 490 मीटर है, जबकि सुआकिन ट्रफ में इसकी अधिकतम गहराई लगभग 2,730 मीटर तक पहुँचती है।
लाल सागर कहां है
लाल सागर हिंद महासागर का एक भाग है, जो अफ्रीका और एशिया के बीच स्थित है। इसका संबंध दक्षिण में बाब-अल-मंडेब जलडमरूमध्य और अदन की खाड़ी के माध्यम से हिंद महासागर से होता है। उत्तर में यह सिनाई प्रायद्वीप, अकाबा की खाड़ी और स्वेज़ की खाड़ी से घिरा है, जहाँ से स्वेज़ नहर भूमध्य सागर तक जाती है। लाल सागर रेड सी रिफ्ट के ऊपर स्थित है, जो ग्रेट रिफ्ट वैली का हिस्सा है।
यह समुद्र काफी हद तक उथला है। इसके लगभग 40% क्षेत्र की गहराई 100 मीटर से कम और लगभग 25% क्षेत्र की गहराई 50 मीटर से भी कम है। इसके उथले तटीय भाग अपने समृद्ध समुद्री जीवन और मूंगा भित्तियों के लिए प्रसिद्ध हैं। यहाँ 1,000 से अधिक अकशेरुकी जीव पाए जाते हैं।
लाल सागर दुनिया का सबसे उत्तरी उष्णकटिबंधीय समुद्र है और इसे एक महत्वपूर्ण वैश्विक पारिस्थितिक क्षेत्र माना जाता है। लाल सागर की सीमाएँ उत्तर में स्वेज़ और अकाबा की खाड़ियों तक तथा दक्षिण में बाब-अल-मंडेब जलडमरूमध्य तक फैली हुई हैं।
लाल सागर शुष्क, रेगिस्तानी और अर्ध-रेगिस्तानी क्षेत्रों के बीच स्थित है। इसके तटों पर तेजी से बढ़ने वाले मूंगे और विस्तृत प्रवाल चट्टानें पाई जाती हैं। कम ज्वारीय धाराएँ, कम मानव आबादी और सीमित विकास के कारण यहाँ की प्रवाल चट्टानें दुनिया की सबसे स्वस्थ समुद्री प्रणालियों में गिनी जाती हैं।
लाल सागर अदन की खाड़ी के माध्यम से अरब सागर और हिंद महासागर से जुड़ा है। इससे पानी का आदान-प्रदान होता रहता है, जो उत्तर में अधिक लवणता और दक्षिण में गर्म पानी के प्रभाव को संतुलित करता है।
लाल सागर की जलवायु दो मानसूनी हवाओं से प्रभावित होती है - उत्तर-पूर्वी और दक्षिण-पश्चिमी मानसून। भूमि और समुद्र के तापमान में अंतर के कारण ये हवाएँ चलती हैं। अधिक तापमान और ऊँची लवणता के कारण यह दुनिया के सबसे गर्म और सबसे खारे समुद्रों में से एक है। गर्मियों में सतह का तापमान उत्तर में लगभग 26°C और दक्षिण में लगभग 30°C रहता है, जबकि सर्दियों में इसमें बहुत कम बदलाव होता है। पानी की स्पष्टता लगभग 200 मीटर तक बनी रहती है।
लाल सागर और उसके तटों पर वर्षा बहुत कम होती है - औसतन लगभग 60 मिमी प्रति वर्ष। बारिश आमतौर पर थोड़े समय के लिए होती है और कई बार धूल भरी आंधी के साथ आती है। ताजे पानी के बड़े स्रोतों की कमी और अत्यधिक वाष्पीकरण के कारण यहाँ पानी की लवणता अधिक रहती है।
लाल सागर को लाल सागर क्यों कहा जाता है?
लाल सागर विश्व के प्रमुख समुद्रों में से एक है, जो अफ्रीका और एशिया के बीच स्थित है। इसे अंग्रेजी में Red Sea कहा जाता है। इसके नाम को लेकर कई मत और वैज्ञानिक कारण बताए जाते हैं। वास्तव में इसका पानी सामान्य रूप से लाल रंग का नहीं होता, बल्कि अधिकांश समय इसका जल नीला या हल्का हरा दिखाई देता है।
लाल सागर के नाम का एक प्रमुख वैज्ञानिक कारण इसमें पाए जाने वाले लाल रंग के सूक्ष्म शैवाल हैं। कुछ विशेष परिस्थितियों में समुद्र की सतह पर Trichodesmium erythraeum नामक सूक्ष्मजीव बहुत अधिक मात्रा में बढ़ जाते हैं। इनके कारण पानी का रंग कुछ स्थानों पर लाल दिखाई दे सकता है। इसी प्राकृतिक घटना को लाल सागर के नाम से जोड़कर देखा जाता है।
एक अन्य मत के अनुसार, लाल सागर के आसपास कुछ विशेष प्रकार के लाल रंग के समुद्री पौधों और प्रवाल की उपस्थिति भी इसके नाम का आधार रही होगी।
इस प्रकार, लाल सागर का नाम केवल उसके पानी के लाल दिखाई देने के कारण नहीं पड़ा है। सूक्ष्म शैवाल, आसपास की लाल-भूरी चट्टानें और प्राचीन भाषाई परंपराएँ इसके नाम से जुड़े प्रमुख कारण माने जाते हैं। सामान्य परिस्थितियों में इसका पानी लाल नहीं होता।
लाल सागर किस देश में है?
लाल सागर किसी एक देश में स्थित नहीं है। यह अफ्रीका और एशिया महाद्वीप के बीच स्थित एक महत्वपूर्ण समुद्र है। इसके दोनों किनारों पर कई देश स्थित हैं। इसका भौगोलिक और आर्थिक महत्व बहुत अधिक है।
लाल सागर के पश्चिमी किनारे पर अफ्रीकी महाद्वीप के देश स्थित हैं। इनमें मिस्र, सूडान और इरिट्रिया प्रमुख हैं। इसके पूर्वी किनारे पर एशिया के देश सऊदी अरब और यमन स्थित हैं। इसके उत्तर में लाल सागर का संबंध स्वेज की खाड़ी और स्वेज नहर से है, जबकि दक्षिण में बाब-अल-मंदेब जलडमरूमध्य के माध्यम से यह अदन की खाड़ी और आगे हिंद महासागर से जुड़ता है।
लाल सागर का उत्तरी भाग मुख्य रूप से मिस्र के क्षेत्र के पास स्थित है। प्रसिद्ध स्वेज नहर लाल सागर को भूमध्य सागर से जोड़ती है। इस कारण यूरोप और एशिया के बीच समुद्री व्यापार के लिए लाल सागर का विशेष महत्व है।
लाल सागर के किनारे स्थित देशों में मिस्र, सूडान, इरिट्रिया, सऊदी अरब और यमन शामिल हैं। इसके अलावा उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र में जॉर्डन और इज़राइल की छोटी समुद्री तटरेखाएँ अकाबा की खाड़ी के माध्यम से लाल सागर से जुड़ी हैं।
| क्रमांक | देश | स्थिति |
|---|---|---|
| 1 | मिस्र | उत्तर-पश्चिम |
| 2 | सूडान | पश्चिम |
| 3 | इरिट्रिया | पश्चिम |
| 4 | सऊदी अरब | पूर्व |
| 5 | यमन | दक्षिण-पूर्व |
| 6 | जॉर्डन | अकाबा की खाड़ी के माध्यम से |
| 7 | इज़राइल | अकाबा की खाड़ी के माध्यम से |
इस प्रकार, लाल सागर अफ्रीका और एशिया के बीच स्थित है और कई देशों की सीमाओं को स्पर्श करता है। इसकी स्थिति इसे अंतरराष्ट्रीय व्यापार, तेल परिवहन, पर्यटन और सामरिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण बनाती है।
लाल सागर और भूमध्य सागर
लाल सागर और भूमध्य सागर दोनों विश्व के महत्वपूर्ण समुद्री जल निकाय हैं। इनका भौगोलिक, आर्थिक और सामरिक महत्व बहुत अधिक है। दोनों समुद्र आपस में स्वेज नहर के माध्यम से जुड़े हुए हैं।
लाल सागर
लाल सागर अफ्रीका और एशिया के बीच स्थित एक लंबा और संकरा समुद्र है। इसके पश्चिम में मिस्र, सूडान और इरिट्रिया तथा पूर्व में सऊदी अरब और यमन स्थित हैं। इसके दक्षिणी भाग में बाब-अल-मंदेब जलडमरूमध्य है, जो इसे अदन की खाड़ी और हिंद महासागर से जोड़ता है। लाल सागर का नाम इसके जल में पाए जाने वाले कुछ सूक्ष्म शैवालों के कारण पड़ा माना जाता है। यह समुद्र अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि एशिया और यूरोप के बीच जाने वाले जहाज इसके रास्ते से होकर गुजरते हैं।
भूमध्य सागर
भूमध्य सागर यूरोप, एशिया और अफ्रीका के बीच स्थित है। इसके उत्तर में यूरोप, दक्षिण में अफ्रीका और पूर्व में एशिया स्थित है। यह अटलांटिक महासागर से जिब्राल्टर जलडमरूमध्य के माध्यम से जुड़ा है। भूमध्य सागर के आसपास इटली, स्पेन, फ्रांस, ग्रीस, तुर्की, मिस्र, लीबिया और ट्यूनीशिया जैसे कई देश स्थित हैं। यह क्षेत्र प्राचीन सभ्यताओं, व्यापार और समुद्री परिवहन के लिए ऐतिहासिक रूप से महत्वपूर्ण रहा है।
संबंध
स्वेज नहर भूमध्य सागर को लाल सागर से जोड़ती है। इससे यूरोप और एशिया के बीच समुद्री मार्ग काफी छोटा हो गया है। जहाजों को अफ्रीका के दक्षिणी छोर केप ऑफ गुड होप का चक्कर नहीं लगाना पड़ता। इसलिए लाल सागर और भूमध्य सागर मिलकर वैश्विक व्यापार और समुद्री परिवहन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
लाल सागर में एक्सक्लूसिव इकोनॉमिक ज़ोन (EEZ)
| नंबर | देश | क्षेत्र (किमी²) |
|---|---|---|
| 1 | सऊदी अरब | 186,392 |
| 2 | सूडान | 92,513 |
| 3 | मिस्र | 91,279 |
| 4 | इरिट्रिया | 78,383 |
| 5 | यमन | 35,861 |
| 6 | जिबूती | 7,037 |
| कुल (लाल सागर) | 491,465 | |
