नमस्कार दोस्तों मेरा नाम राजेश है मैं आज आप लोगो को सबसे प्राचीन आदिमानव से मिलवाने जा रहा हु। वैज्ञानिको ने बर्फ में ढके एक प्राचीन कंकाल को बहार निकला है। 



पिघलती बर्फ, धरती की इस सर्द मौसम में जीवाश्म का पता चला है। यह वैज्ञानिकों के लिए  किसी खजाने से कम नहीं है। यहां पर कई सैकड़ों साल पुराना जीवाश्म मिल सकता है। और वैज्ञानिक को एक खजाना मिला 1999 में ऑस्ट्रिया और इटली की सरहद के पास  पहाड़ियों में। पिघली बर्फ से निकला एक प्राचीन कंकाल। सदियों पहले शिकार पर निकले यहां आदिमानव बर्फीली पहाड़ों पर। मौत के बाद जम गया होगा। प्राचीन हथियार के इस्तेमाल करने वाले इस आदिमानव का नाम वैज्ञानिकों ने। यूथसी रखा।


 


ध्रुव और पहाड़ों की बर्फ में अब भी कई राज दफन है। इसके जरिए काफी जानकारी जुटाई जा सकती है। जब बर्फ पिघलती है तो कई बार शोधकर्ताओं को पूरे जानवर मिलते हैं। जिनके अंगों को बर्फ ने बचा कर रखा है। मिसाल के तौर पर युबा  42000 साल पुराना मैमद हाथी का बच्चा है। उत्तरी साइबेरिया से मिला जीवाश्म के अध्ययन से। वैज्ञानिक इस जानवर की उत्पत्ति और पतन के बारे में जानना चाहते हैं। और वैज्ञानिक इस हाथी का क्लोन भी बनाना चाहते हैं।



क्या किसी मरी चीज को जिंदा किया जा सकता है? नामुमकिन सी बात लगती है। लेकिन वैज्ञानिकों ने। सैकड़ों साल पुराने वायरस को एक बार फिर जगा दिया है। यह जानने के लिए कि इस वायरस ने सदियों पहले क्या क्या देखा? जी नहीं इस वायरस के साथ वैज्ञानिक किसी टाइम मशीन में बैठकर नहीं जा रहे। यह सब हो रहा है एक  लैब में।


जिन जगहों पर सदियों बाद बर्फ पिघल रहे हैं। वहां ऐसे बहुकोशिकीय प्राचीन जीवाश्म पाए जा रहे हैं। जिन्हें दोबारा ज़िंदा किया जा सकता है। जैसे पीथो वायरस 20000 साल पहले यह लंबे समय के लिए। बर्फ में दब गया अब इस वायरस को अमीबा की मदद से जिंदा किया जा रहा है। 



बर्फ से ढकी पृथ्वी के इतिहास की जानकारी पता चल सकती है? इससे पता चलता है कि मनुष्य ने आदि काल में प्राचीन आपदा से अपने आप को कैसे बचाया और दुश्मनों से कैसे लड़ा? पृथ्वी पर जीवन के हजारों रहस्य बर्फ  की विशाल परतों में छिपे हैं। और इसके पिघलने से जिंदगी की कहानी सांप उभर रही है।